डेंगू नाला छठ घाट पर उगते सूर्य को अर्घ्य देकर संपन्न हुआ लोक आस्था का महापर्व छठ पूजा
Samachar Chhattisgarh Korba.कोरबा। लोक आस्था और श्रद्धा का चार दिवसीय महापर्व छठ पूजा मंगलवार की सुबह उगते सूर्य को अर्घ्य अर्पित करने के साथ ही विधि-विधानपूर्वक संपन्न हुआ। शहर के विभिन्न घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी, वहीं डेंगू नाला छठ घाट पर महिलाओं और पुरुषों ने परंपरागत रूप से पूजा-अर्चना कर भगवान सूर्य और छठी मैया से परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की।
स्थानीय निवासी आनंद सिंह ने बताया कि छठ पर्व मुख्यतः पूर्वांचल और बिहार क्षेत्र का प्रमुख पर्व है, लेकिन अब यह छत्तीसगढ़ में भी बड़ी श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाने लगा है। उन्होंने कहा कि इस पूजा की शुरुआत नहाय-खाय से होती है, इसके बाद खरना का आयोजन और अंतिम दिन उगते सूर्य को अर्घ्य देकर पर्व का समापन किया जाता है।
उन्होंने बताया कि छठी मैया की उपासना से संतान सुख, आरोग्य और परिवार की समृद्धि की प्राप्ति होती है। इस दौरान व्रतधारी महिलाएं 36 घंटे तक निर्जला उपवास रखती हैं और पूरी रात जागरण करते हुए भगवान सूर्य व छठी मैया की आराधना में लीन रहती हैं।
मंगलवार की सुबह जैसे ही सूर्य की पहली किरण घाट पर पड़ी व्रतधारी महिलाएं जल में खड़े होकर दूध, जल फूल और फल अर्पित करते हुए सूर्य देव को अर्घ्य दीं। इसके साथ ही छठ महापर्व का शांतिपूर्ण समापन हुआ। घाटों पर इस दौरान आतिशबाजी और पारंपरिक गीतों की गूंज से वातावरण भक्तिमय बना रहा है




















